शैलेश रामुगड़े ने छात्रों के साथ मनाया स्वतंत्रता दिवस, 25 विद्यार्थियों को दी छात्रवृत्ति और दिया सामाजिक संदेश

अभिनेता शैलेश रामुगड़े ने इस वर्ष स्वतंत्रता दिवस को बेहद सार्थक और प्रेरणादायक अंदाज में मनाया। उन्होंने वसई स्थित नोवा इंग्लिश हाई स्कूल में छात्रों के साथ स्वतंत्रता दिवस समारोह में हिस्सा लिया और इस अवसर को सामाजिक जिम्मेदारी से जोड़ते हुए विद्यार्थियों की शिक्षा के लिए महत्वपूर्ण पहल की।
स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के दौरान शैलेश ने छात्रों से संवाद किया और स्कूल द्वारा आयोजित विभिन्न देशभक्ति कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। उनकी मौजूदगी से विद्यार्थियों में उत्साह का माहौल देखने को मिला। उन्होंने छात्रों को स्वतंत्रता, एकता, साहस और प्रगति जैसे मूल्यों का महत्व समझाते हुए इन्हें अपने जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित किया।

इस अवसर पर शैलेश रामुगड़े ने नोवा इंग्लिश हाई स्कूल के 25 विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति प्रदान की। इस पहल का उद्देश्य छात्रों को अपनी शिक्षा पूरी करने में सहयोग देना और उन्हें अपने सपनों को आत्मविश्वास के साथ पूरा करने के लिए प्रोत्साहित करना था। शिक्षा के माध्यम से युवा पीढ़ी को सशक्त बनाने की उनकी इस पहल की वहां मौजूद लोगों ने सराहना की।
इसके अलावा, पिछले वर्ष भी शैलेश ने आयुष्मान फाउंडेशन, ऐरोली (NGO) स्कूल के 78 विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति देकर उनकी शिक्षा में महत्वपूर्ण सहयोग दिया था। शिक्षा के क्षेत्र में लगातार किए जा रहे उनके ये प्रयास उनके सामाजिक कार्यों और युवा पीढ़ी के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।

इस वर्ष उन्होंने अपनी पहल को और आगे बढ़ाते हुए 10वीं कक्षा उत्तीर्ण करने वाले 25 विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति की घोषणा की। साथ ही 11वीं और 12वीं कक्षा में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए भी छात्रवृत्ति सहायता देने की बात कही, ताकि उच्च शिक्षा की ओर बढ़ रहे छात्रों को बेहतर सहयोग मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान शैलेश ने छात्रों को एक महत्वपूर्ण सामाजिक संदेश भी दिया। उन्होंने कहा,
“आजादी सिर्फ अंग्रेजों से मिली आजादी नहीं है। हमें अपने युवाओं को नशे, व्यसन और गलत रास्तों से भी आजाद करना होगा। आइए, एक नशामुक्त भारत का निर्माण करें।”
उनके इस संदेश ने युवा पीढ़ी को नशे से दूर रहने और सकारात्मक भविष्य की ओर बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
शैलेश ने छात्रों के साथ समय बिताया और उन्हें अपनी क्षमताओं पर विश्वास रखने के लिए प्रोत्साहित किया। उनकी मौजूदगी ने स्वतंत्रता दिवस समारोह को और भी यादगार एवं अर्थपूर्ण बना दिया। उनकी पहल ने यह संदेश दिया कि देशभक्ति केवल इतिहास में मिली आजादी को याद करने तक सीमित नहीं है, बल्कि आज की युवा पीढ़ी को सही दिशा दिखाना और उनके बेहतर भविष्य के लिए योगदान देना भी सच्ची देशभक्ति का हिस्सा है।